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Alwar Tourism: राजस्थान का अलवर टूरिस्ट हब बन रहा है। वहीं बाघों की बढ़ती संख्या से लेकर एक्सप्रेस-वे तक बड़ी वजहें हैं।

Alwar Tourism: टूरिस्ट के लिए अलवर में बाघों की बढ़ती संख्या प्रमुख आकर्षण बनी हुई है। यही वजह है कि एक दशक में जितनी मात्रा में बाघ बढ़े हैं, उसकी तुलना में टूरिस्ट की संख्या में भी काफी बढ़ोतरी हुई है। आपको बता दें कि वर्ष 2015 में अलवर में 13 टाइगर थे, जबकि तब अलवर घूमने आने वाले टूरिस्ट की संख्या लगभग 2 लाख थी। वहीं, इस साल बाघों की संख्या 4 गुना हो गई है, जो अब 56 तक पहुंच गई है। ऐसे ही अलवर पहुंचने वाले टूरिस्ट की संख्या भी लगभग 7.30 लाख तक पहुंच गई है।

अब पर्यटन जिले के मुख्य रोजगार एवं जीडीपी वृद्धि का आधार बनने लगा है। अलवर में पर्यटन को बढ़ावा देने में हाईटेक रेल सुविधा, एक्सप्रेस-वे और हाईवे से जुड़ी कनेक्टिविटी का भी योगदान रहा है। आपको बता दें कि अलवर टूरिस्ट की संख्या के मामले में आसपास के जिलों में अग्रणी पायदान पर है। महज कुछ वर्षों में अलवर में घूमने आने वाले टूरिस्ट की संख्या 30 लाख तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।

वहीं, पर्यटन विभाग के अधिकारी संजय खन्ना का कहना है कि साल 2015 में अलवर जिले के पर्यटन केंद्रों पर 2 लाख 74,224 टूरिस्ट पहुंचे थे। वहीं, 2022 में लगभग 6.63 लाख और 2025 में 7,29,482 टूरिस्ट पहुंचे हैं।

आपको बता दें कि अलवर की कनेक्टिविटी दिल्ली, जयपुर, अजमेर, जोधपुर और चंडीगढ़ जैसे शहरों से है, जिस वजह से भी ज्यादा टूरिस्ट यहां पहुंचते हैं। ऐसे में यहां पहुंचना आसान हो गया है। वहीं, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे और दिल्ली-जयपुर हाईवे के कारण भी अलवर की बड़े शहरों से कनेक्टिविटी तेजी से बढ़ रही है। सीधी कनेक्टिविटी की वजह से भी टूरिस्ट अलवर आते हैं।

वहीं, अगर आप भी अलवर जाने का प्लान बना रहे हैं तो यहां घूमने के लिए कई शानदार जगहें हैं। इस जिले को पर्यटन केंद्रों की खान माना जाता है। आपको बता दें कि यहां आपको कई प्रसिद्ध धार्मिक और पर्यटन स्थल देखने को मिलेंगे। इनमें महाराज भर्तृहरि की तपोभूमि, नीलकंठ महादेव मंदिर, टाइगर रिजर्व, सरिस्का, भूतिया किले के नाम से विख्यात अजबगढ़-भानगढ़ समेत कई पर्यटन केंद्र शामिल हैं।

वहीं, यहां जाकर आप सिलिसेढ़ झील में बोटिंग का मजा भी ले सकते हैं। भानगढ़ किले में आप ऐतिहासिक और रहस्यमयी स्थलों को देख सकते हैं। पांडुपोल और भर्तृहरि मंदिर जैसी जगहों पर भी आप घूमने जा सकते हैं।

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