Rajasthan News: राजस्थान की एजुकेशन सिटी कोटा के लिए 7 मार्च का दिन इतिहास के पन्नों में सुनहरे अक्षरों में दर्ज होने वाला है। लंबे समय से हवाई सेवा का इंतजार कर रहे हाड़ौती इलाके को केंद्र और राज्य सरकारों से एयर कनेक्टिविटी का सबसे बड़ा तोहफा मिलने वाला है।
कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का शिलान्यास शंभूपुरा में एक बड़े समारोह में किया जाएगा, जिसमें लोकसभा स्पीकर ओम बिरला और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा चीफ गेस्ट होंगे। इस प्रोजेक्ट से न सिर्फ कोटा के स्टूडेंट्स और बिजनेसमैन को राहत मिलेगी, बल्कि पूरे हाड़ौती इलाके के इकोनॉमिक डेवलपमेंट को भी नई रफ्तार मिलेगी।
नया टर्मिनल वर्ल्ड-क्लास सुविधाओं से लैस होगा।
इस ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की शान का अंदाजा इसकी अनुमानित लागत लगभग ₹1507 करोड़ (approximate ₹1507 cr) से लगाया जा सकता है। एयरपोर्ट के अंदर 20,000 स्क्वायर मीटर का एक स्टेट-ऑफ-द-आर्ट टर्मिनल बनाया जाएगा, जो एक साथ 1,000 पैसेंजर को हैंडल कर सकेगा। यह एयरपोर्ट टेक्निकल नज़रिए से भी बहुत खास होने वाला है, क्योंकि यहां 3200 मीटर लंबा और 45 मीटर चौड़ा रनवे बनाया जा रहा है। इस बड़े रनवे से भविष्य में A-321 जैसे बड़े एयरक्राफ्ट आसानी से कोटा में लैंड कर सकेंगे। एयरक्राफ्ट पार्किंग के लिए सात एप्रन बे भी बनाए जाएंगे, जिससे यह एयरपोर्ट बड़े शहरों जैसा मॉडर्न बन जाएगा।
तीन जिलों की प्यास बुझाने के लिए पीने के पानी के प्रोजेक्ट
7 मार्च का इवेंट सिर्फ हवाई सेवाओं तक ही सीमित नहीं होगा, हाड़ौती की प्यास बुझाने के लिए भी बड़े ऐलान किए जाएंगे। इसी मंच से मुख्यमंत्री और लोकसभा स्पीकर ₹8,000 करोड़ से ज़्यादा के पीने के पानी के प्रोजेक्ट का शिलान्यास भी करेंगे। इनमें सबसे अहम नौनेरा मेगा ड्रिंकिंग वॉटर प्रोजेक्ट है, जो ₹1,661 करोड़ की लागत से पूरा होगा और कोटा-बूंदी के 749 गांवों के परिवारों को साफ पानी देगा।
इसके अलावा, 3,523 करोड़ रुपये का परवन-अकावद प्रोजेक्ट कोटा, बारां और झालावाड़ के 1,402 गांवों में पानी की समस्या का पक्का समाधान देगा। एनर्जी मिनिस्टर हीरालाल नागर ने साफ किया है कि यह हाड़ौती के लिए डेवलपमेंट का "डबल इंजन" मॉडल है, जो हर घर को पानी पहुंचाएगा और हर सपने को पूरा करेगा।
शंभूपुरा में तैयारियों को आखिरी रूप दिया जा रहा है
इस ऐतिहासिक शिलान्यास समारोह को यादगार बनाने के लिए राज्य के कई बड़े मंत्री कोटा पहुंच रहे हैं। एजुकेशन मिनिस्टर मदन दिलावर, PHED मिनिस्टर, एनर्जी मिनिस्टर हीरालाल नागर, सिविल एविएशन स्टेट मिनिस्टर के साथ-साथ कई केंद्रीय मंत्री और लोकल पब्लिक रिप्रेजेंटेटिव शामिल होंगे।
एडमिनिस्ट्रेशन शंभूपुरा में तैयारियों को आखिरी रूप दे रहा है। लगभग 4,600 करोड़ रुपये के दूसरे छोटे और बड़े वॉटर प्रोजेक्ट्स का लॉन्च भी इस प्रोग्राम में शामिल किया गया है, जिससे यह राजस्थान के सबसे बड़े डेवलपमेंट इवेंट्स में से एक बन गया है।
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