Banswara News: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का इन दिनों एक अलग ही अंदाज देखने को मिल रहा है। आज यानी गुरुवार सुबह में सीएम भजनलाल बांसवाड़ा जिले के सुदूर आदिवासी क्षेत्र चुड़ादा गांव में आयोजित ग्राम विकास चौपाल में रात्रि विश्राम के बाद सुबह-सुबह गांव की गलियों में टहलने के लिए निकल पड़े। मुख्यमंत्री पीपल के पेड़ के नीचे ग्रामीणों के साथ चौपाल लगाई और चाय-पानी पर चर्चा की। इसके बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय विचार को जमीन पर उतारने के लिए काम कर रही है और सरकार की प्राथमिकता है कि गांव, गरीब, किसान और अंतिम पंक्ति में बैठे व्यक्त तक योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा सकें।
ग्रामीणों ने कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी की शिकायत
जब मुख्यमंत्री सुबह-सुबह भ्रमण करने के लिए निकले थे तो उस दौरान ग्रामीणों और कर्मियों ने सीएम के सामने कुशलगढ़ के खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. गिरीश भाभोर के खिलाफ वित्तीय अनियमितताओं की गंभीर शिकायत रख दी। सीएम भजनलाल शर्मा ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया और मौके पर ही सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने तुरंत चिकित्सा विभाग ने एक्शन लेते हुए डॉ. गिरीश भाभोर को एपीओ कर दिया। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने साफ चेताया है कि सरकारी योजनाओं और जनता के हितों में किसी भी तरह की लापरवाही या भ्रष्टाचार कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बीमार बच्चे की मां की गुहार पर मुख्यमंत्री ने किया ट्रांसफर
आपको बता दें कि आज सुबह इसी चौपाल के दौरान रोशनी कलाल नाम की एक महिला ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपने बेटे की गंभीर बीमारी सेरेब्रल पाल्सी की जानकारी दी और कहा कि इलाज के लिए परिवार को लगातार परेशानी उठानी पड़ रही है। महिला ने अपने पति हेमंत कुमार कलाल का सागवाड़ा से बांसवाड़ा तबादला करने का अनुरोध किया। ताकि बच्चे की देखभाल हो सके। मुख्यमंत्री ने महिला के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए तुरंत अधिकारियों को निर्देश दिए और कुछ ही समय में महिला के पति का पदस्थापना के आदेश जारी हो गए।
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