Chips Recipe: होली का त्योहार आते हैं घरों में चिप्स बनाने की तैयारी शुरू हो जाती है। वहीं धूप तेज धूप होते ही ज्यादातर घरों की छतों पर आलू के चिप्स सूखते हुए नजर आने लगते हैं। वहीं आलू के चिप्स बनाते वक्त ज्यादातर लोगों को एक समस्या होती है कि आलू को उबालते वक्त चिप्स का टूट जाते हैं। इसके साथ ही कई बार चिप्स का रंग काला होने लगता है। ऐसे में अगर आप पहली बार आलू के चिप्स बनाने जा रही हैं तो यह लेख आपके बहुत काम आने वाला है। आज हम आपको इस लेख में आलू के चिप्स बनाने के कुछ बेहतरीन टिप्स बताएंगे, जो आपके चिप्स को परफेक्ट बनाने में मदद करेंगे। तो चलिए जानते हैं आलू के चिप्स बनाने के ट्रिक्स के बारे में।

आलू का सही चुनाव करें

आलू के चिप्स बनाने के लिए सबसे पहले आप यह जान लें कि आलू के चिप्स बनाने के लिए आपको आलू का सही चुनाव करना बहुत जरूरी है। अगर आपके आलू अच्छे नहीं है तो आपकी चिप्स भी अच्छी नहीं बनेंगे। आप हमेशा चिप्स बनाने के लिए पुराने आलू को ही चुनें क्योंकि नए आलू में स्टार्च ज्यादा होता है। जिस वजह से आपके चिप्स काले या लाल हो सकते हैं। आलू बड़े साइज के और बिना दाग वाले ही होने चाहिए। अब आप आलू को छीलने के तुरंत बाद पानी से भरे बर्तन में डाल दें।

पानी में एक छोटा टुकड़ा फिटकरी का डालें

आप चिप्स काटते समय स्लाइस को सीधे पानी में ही डालें। चिप्स काटने के बाद आप उन्हें 4 से 5 बार साफ पानी से धो लें। आपको चिप्स तब तक धोने हैं जब तक पानी बिल्कुल साफ न दिखने लगे। इसके बाद आप चिप्स को पानी में भिगोते समय उसमें एक छोटा टुकड़ा फिटकरी का डाल दें। फिटकरी डालने से आलू की सारी गंदगी साफ हो जाती है और आलू में अधिक स्टार्च भी निकल जाता है। वहीं आप आलू को पानी से निकालने के बाद एक बड़े भागोने में पानी उबाल लें और उसमें नमक डाल दें।

आलू को  70 से 80% ही पकाएं
जब पानी उबलने लगे तब आप उसमें चिप्स डालें। आपको ध्यान रखना है की चिप्स को केवल 70 से 80% ही पकाना है। आलू को आप पूरी तरह न गलाएं। नहीं तो यह फैलाते समय टूट जाएंगे। वहीं चिप्स पके हैं या नहीं इसको चेक करने के लिए आप नाखून से दबाकर देख लें। अगर वह आसानी से कट रहा है और मैश नहीं हो रहा है, तो उसे आप तुरंत छान लें। इसके बाद आप चिप्स को धूप में एक-एक करके फैला लें। इसे आपको सुबह जल्दी फैलाना है, जिससे पूरा दिन तेज धूप में आलू के चिप्स अच्छी तरीके से सूख सकें और यह लंबे समय तक खराब न हों।