Antibiotics Side Effects: एंटीबायोटिक दवाइयां बैक्टीरिया से होने वाले संक्रमण के इलाज में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे में डॉक्टर की सलाह पर इन दवाइयों का सही तरीके से सेवन करना चाहिए। कई बार लोग बिना जरूरत या बार-बार एंटीबायोटिक का इस्तेमाल कर लेते हैं। आपको बता दें कि इन दवाओं का अधिक उपयोग शरीर पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है, खासकर आंतों की सेहत पर। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आंतों में लाखों अच्छे और बुरे बैक्टीरिया मौजूद होते हैं, जो पाचन और संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी होते हैं। अगर आप एंटीबायोटिक का ज्यादा इस्तेमाल करते हैं, तो इसका असर आंतों पर पड़ सकता है। आंतों के स्वास्थ्य का संबंध केवल पाचन से ही नहीं, बल्कि शरीर की कई अन्य महत्वपूर्ण प्रक्रियाओं से भी होता है।

एंटीबायोटिक दवाइयां इलाज के लिए जरूरी होती हैं

कट माइक्रोबायोम यानी आंतों में मौजूद सूक्ष्म जीवों का संतुलन शरीर के सामान्य कामकाज को सुचारू रूप से चलाने में मदद करता है। जब इस संतुलन पर असर पड़ता है, तो पाचन संबंधी समस्याएं शुरू हो सकती हैं। हालांकि, एंटीबायोटिक दवाइयां इलाज के लिए जरूरी होती हैं, लेकिन इनका इस्तेमाल हमेशा डॉक्टर की सलाह के बाद ही करना चाहिए। ऐसे में आइए जानते हैं कि एंटीबायोटिक का इस्तेमाल करते समय किन बातों का विशेष ध्यान रखना चाहिए। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, एंटीबायोटिक दवाओं का काम संक्रमण पैदा करने वाले बैक्टीरिया को खत्म करना होता है। लेकिन कई मामलों में यह दवाइयां आंतों में मौजूद कुछ लाभकारी बैक्टीरिया को भी प्रभावित कर सकती हैं। इससे माइक्रोबायोम का संतुलन बिगड़ सकता है, जिसे इंटेस्टाइनल डिसबायोसिस कहा जाता है।

बिना डॉक्टर की सलाह के एंटीबायोटिक का सेवन नहीं करना चाहिए

आपको बता दें कि इसका प्रभाव हर व्यक्ति में अलग-अलग हो सकता है। इसलिए कभी भी बिना डॉक्टर की सलाह के एंटीबायोटिक का सेवन नहीं करना चाहिए। आंतों में बैक्टीरिया का संतुलन प्रभावित होने पर कुछ लोगों को पेट फूलना, कब्ज, अपच और अन्य पाचन संबंधी समस्याएं होने लगती हैं। वहीं, कई बार भूख में भी बदलाव देखने को मिलता है। अगर इस तरह की समस्याएं लंबे समय तक बनी रहें, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है। एंटीबायोटिक दवाइयां हमेशा डॉक्टर की सलाह के अनुसार लें और उनका पूरा कोर्स अवश्य पूरा करें। बीच में अपनी मर्जी से दवा बंद नहीं करनी चाहिए। इसके साथ ही एंटीबायोटिक दवाइयां लेते समय संतुलित आहार लें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं और अपने पाचन तंत्र का विशेष ध्यान रखें। यदि दवा लेने के दौरान कोई असामान्य लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।