बिजनेस रजिस्ट्रेशन पूरा होना किसी भी नए कारोबार की शुरुआत भर है। कारोबार शुरू करने के बाद शुरुआती तीन महीने यानी 90 दिन बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। इस दौरान कानूनी औपचारिकताओं, टैक्स, अकाउंटिंग, दस्तावेज और वित्तीय व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है। ऐसे में आज हम इससे जुड़े तमाम जानकारी के बारे में बताने जा रहे हैं।
पहले 30 दिनः लाइसेंस और बैंक खाता तैयार करें

कारोबार के अनुसार लाइसेंस रजिस्ट्रेशन पूरे करें, जैसे दुकान स्थापना, GST, प्रोफेशनल टैक्स स्थानीय लाइसेंस, FSSAI व आयात-निर्यात कोड। कंपनी/LLP की फाइलिंग, लाइसेंस नवीनीकरण और रिटर्न की तारीखें कैलेंडर में डालें। अलग बिजनेस बैंक खाता खोलकर अकाउंटिंग शुरू करें।

कैपिटल का अनुमान लगाएं

अगले 3 महीनों के कच्चे माल, वेतन, किराया, बिजली, परिवहन और सप्लायर भुगतान का अनुमान लगाएं। ग्राहक और सप्लायर भुगतान के बीच का अंतर देखें। जरूरत अनुसार बचत या लोन से वर्किंग कैपिटल रखें।

हर लेन-देन का रिकॉर्ड रखें

कारोबारी और निजी पैसे अलग रखें। बिक्री, खरीद, खर्च, प्राप्ति और भुगतान का रिकॉर्ड रखें। लोन की राशि, ब्याज, EMI, फीस व उपयोग भी दर्ज करें। बिल-रसीद रखें और हर महीने बैंक-बही मिलान करें। मुनाफा, बैलेंस अलग हैं; टैक्स और लोन की रकम खर्च न करें।

नए कारोबार में उद्यमियों का ध्यान ग्राहक, बिक्री और मुनाफे पर रहता है। शुरुआती 90 दिन सिस्टम बनाने के लिए अहम हैं। इस दौरान लाइसेंस, टैक्स, रिकॉर्ड, कर्मचारियों के दस्तावेज व वर्किंग कैपिटल की व्यवस्था करें। इससे जुर्माने, नोटिस और कानूनी विवाद से बचेंगे।

GST-TDS को पूरी करें

GST में सही बिल, टैक्स दर, खरीद रिकॉर्ड रखें। ITC का मिलान करें व एवं GSTR-1, GSTR-3B की तारीखें , देखें। NIL रिटर्न दाखिल करें।

31 से 60 दिनः दस्तावेज शुरुआत से व्यवस्थित रखें

बिक्री के इनवॉइस और खरीद-खर्च बिल रखें। ग्राहक, सप्लायर और कर्मचारियों के अलग डिजिटल फोल्डर बनाएं। नियुक्ति पत्र, वेतन, अनुबंध, ऑर्डर और भुगतान शर्ते व्यवस्थित रखें। अकाउंटिंग, इनवॉइसिंग, इन्वेंटरी, ग्राहक रिकॉर्ड और कैश-फ्लो ट्रैकिंग शुरू करें।

61 से 90 दिनः कैश फ्लो की लगातार समीक्षा करें

हर महीने कैश फ्लो की समीक्षा करें। ग्राहकों से मिलने वाली रकम पर नजर रखें और अगले 30-60 दिनों के भुगतान की सूची तैयार करें। सप्लायर और अन्य देनदारियों को समय पर पूरा करने की योजना बनाएं। GST, TDS, अन्य टैक्स की तारीखें तथा लाइसेंस के नवीनीकरण की तारीख कैलेंडर में डालें।